Wednesday, September 1, 2021

UPSESSB Recruitment : 8 साल में भी प्रिंसिपल भर्ती की इंटरव्यू डेट तक तय नहीं

 

UPSESSB Recruitment : 8 साल में भी प्रिंसिपल भर्ती की इंटरव्यू डेट तक तय नहीं





उत्तर प्रदेश के सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में प्रधानाचार्य भर्ती 2013 कब पूरी होगी किसी को पता नहीं। आवेदन लेने के तकरीबन आठ साल बाद भी उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड साक्षात्कार की तारीख नहीं घोषित कर सका है। ये स्थिति तब है जबकि हाईकोर्ट ने मई 2021 तक साक्षात्कार प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए थे। चयन बोर्ड की सुस्त चाल से दुखी अभ्यर्थी डॉ. दिलीप अवस्थी और एक अन्य ने हाईकोर्ट में पिछले दिनों याचिका दायर की है। 26 अगस्त को सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने चयन बोर्ड से जवाब तलब किया है। मामले की सुनवाई अब 7 सितंबर को होनी है।

अक्टूबर से पहले साक्षात्कार के आसार नहीं
प्रधानाचार्य भर्ती 2013 के साक्षात्कार अक्टूबर से पहले होने के आसार नहीं है। वर्तमान में चयन बोर्ड टीजीटी-पीजीटी 2021 के 15198 पदों की भर्ती में लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने अक्टूबर तक भर्ती के आदेश दिए हैं। 9 नवंबर को अगली सुनवाई है। 17 व 18 अगस्त को हुई प्रवक्ता भर्ती की परीक्षा का साक्षात्कार होना बाकी है। अभी उसकी संशोधित उत्तरमाला ही जारी नहीं हो सकी है। पहले प्रवक्ता 2021 का साक्षात्कार होने की स्थिति में प्रधानाचार्य का इंटरव्यू नवंबर से ही शुरू होने के आसार हैं।

साक्षात्कार में लगेगा पांच महीने का समय
प्रधानाचार्य भर्ती 2013 के साक्षात्कार में पांच महीने का समय लगेगा। चयन बोर्ड की ओर से फरवरी 2010 में हाईकोर्ट में दाखिल हलफनामे के अनुसार एक स्कूल के लिए 7 अभ्यर्थियों के हिसाब से 599 स्कूलों के लिए 4193 अभ्यर्थियों का साक्षात्कार लेना होगा। एक दिन में 35 अभ्यर्थियों का साक्षात्कार हो सकता है। इसमें 120 कार्यदिवस लगेगा। शनिवार-रविवार और दूसरे अवकाश जोड़ लें तो इंटरव्यू में तकरीबन पांच महीने या मार्च तक पूरे हो सकते हैं।


सैकड़ों शिक्षक इंटरव्यू देने से पहले ही रिटायर
प्रधानाचार्य भर्ती 2013 के लिए 10 हजार से अधिक शिक्षकों ने आवेदन किया था। इतना लंबा बीतने के कारण सैकड़ों शिक्षक सेवानिवृत्त हो चुके हैं।

2011 की भर्ती भी पूरी नहीं
चयन बोर्ड 2011 की प्रधानाचार्य भर्ती 10 साल में पूरी नहीं कर सका है। सात मंडलों की चयन प्रक्रिया फंसी है। मेरठ, मुरादाबाद, चित्रकूट, बस्ती, गोरखपुर, फ़ैज़ाबाद मंडलों में साक्षात्कार के पूर्व 21 दिन का नोटिस पूरी न होने का विवाद कोर्ट में विचाराधीन है। कानपुर मंडल के साक्षात्कार की अनुमति हाईकोर्ट ने दी है लेकिन वह भी नहीं हो पा रहा।