Friday, October 2, 2020

UPPSC :: इंडिस्ट्रियल इंजीनियरिंग और केमिकल का पाठ्क्रम जारी , क्लिक करे और पढ़े पूरी खबर

UPPSC :: इंडिस्ट्रियल इंजीनियरिंग और केमिकल का पाठ्क्रम जारी , क्लिक करे और पढ़े पूरी खबर 

 सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा परीक्षा-2019 के तहत सहायक अभियंता के 692 पदों पर भर्ती के लिए उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) ने बृहस्पतिवार को सहायक निदेशक कारखाना पद के लिए केमिकल इंजीयरिंग एवं इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग के सेलेबस के साथ परीक्षा योजना जारी कर दी। केमिकल इंजीनियरिंग का सेलेबस समय से जारी न होने से छात्रों को हो रही परेशानी से संबंधित मुद्दा ‘अमर उजाला’ के 26 सितंबर के अंक में प्रकाशित किया गया था। सहायक अभियंता के पदों पर भर्ती के लिए परीक्षा एक नवंबर को प्रस्तावित है।
सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा परीक्षा-2019 के तहत सिविल इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग, इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग, एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग और केमिकल इंजीनियरिंग शाखा में सहायक अभियंता के 692 पदों पर भर्ती होनी है।
इसके लिए विज्ञापन 30 दिसंबर 2019 को जारी किया गया था। केमिकल इंजीनियरिंग के अभ्यर्थियों का कहना था कि आयोग ने विज्ञापन में केमिकल इंजीनियरिंग को छोड़कर बाकी सभी शाखाओं के सेलेबस दिए थे। लेबर डिपार्टमेंट में असिस्टेंट इंजीनियर (फैक्टरीज) के 13 पदों पर भर्ती होनी है और इसके लिए सिविल/मैकेनिकल/इलेक्ट्रिकल/केमिकल/इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग शाखा के अभ्यर्थियों ने आवेदन किए हैं। आयोग की ओर से जारी विज्ञापन में केमिकल इंजीनियरिंग का सेलेबस नहीं दिया गया था। अभ्यर्थी परेशान थे और उन्होंने आयोग से सेलेबस शीघ्र जारी की मांग की थी। आयोग ने अब सहायक निदेशक कारखाना पद के लिए केमिकल इंजीयिरिंग एवं इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग के पाठ्यक्रम जारी कर दिए हैं। इसके साथ ही परीक्षा योजना जारी की है, जिसके अनुसार परीक्षा में दो प्रश्रपत्र आएंगे। दोनों प्रश्रपत्रों की परीक्षा ढाई-ढाई घंटे की होगी। प्रत्येक प्रश्रपत्र 375 अंकों का होगा।
पहले प्रश्रपत्र में सामान्य हिंदी के 25 प्रश्र और दूसरे प्रश्रपत्र में सामान्य अध्ययन के 25 प्रश्र तीन-तीन अंकों के होंगे और दोनों प्रश्रपत्रों में मुख्य विषय (सिविल, मैकेनिकल, विद्युत, कृषि, केमिकल एवं इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग) के तीन-तीन अंकों के 100 सवाल होंगे। छात्र एकता मंच के अध्यक्ष और आईआईटी बीएचयू के पूर्व छात्र अजीत सोनकर का कहना है कि आयोग ने सेलेबस जारी करने में बहुत देर कर दी। संबंधित अभ्यर्थियों को परीक्षा की तैयारी के लिए काफी वक्त मिलेगा।