Thursday, July 2, 2020

फर्जीवाड़ा ::: एक नाम, पैनकार्ड और जन्मतिथि पर दो शिक्षिकाओं की नौकरी , एक शिक्षिका की तैनाती बीकेटी ब्लॉक दूसरी की देवरिया ब्लॉक में , क्लिक करे और पढ़े पूरी खबर

फर्जीवाड़ा ::: एक नाम, पैनकार्ड और जन्मतिथि पर दो शिक्षिकाओं की नौकरी , एक शिक्षिका की तैनाती बीकेटी ब्लॉक दूसरी की देवरिया ब्लॉक में , क्लिक करे और पढ़े पूरी खबर 



कस्तूरबा गांधी विद्यालय की शिक्षिका अनामिका के फर्जीवाड़े के बाद अब प्राथमिक विद्यालय में भी फर्जीवाड़े का मामला प्रकाश में आया है। यहां लखनऊ के बीकेटी ब्लॉक स्थित शिवरी प्राथमिक विद्यालय में तैनात शिक्षिका रेनूबाला और देवरिया जिले के पूर्व माध्यमिक विद्यालय में तैनात शिक्षिका के पैन कार्ड एक जैसे मिले हैं।

राज्य परियोजना कार्यालय से की गई जांच में यह राजफाश हुआ तो विभाग के अधिकारियों के होश उड़ गए। आननफानन बीएसए लखनऊ और देवरिया को जांच के आदेश दिए गए।

बीएसए देवरिया की रिपोर्ट का इंतजार :

बीएसए दिनेश कुमार ने बताया कि शिवरी में तैनात रेनूबाला का आधार कार्ड, शैक्षिक दस्तावेज, नियुक्ति पत्र व अन्य दस्तावेज जो देखे गए हैं। वह प्रथम दृष्टया जांच में सही पाए गए हैं। वहीं, इस संबंध में बीएसए देवरिया से उनके यहां तैनात रेनूबाला की रिपोर्ट के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि वह शुक्रवार तक अपनी रिपोर्ट देंगे। अभी वह मामले की जांच नहीं कर पाए हैं। बीएसए देवरिया की रिपोर्ट आने पर ही जांच से जुड़े कई अन्य तथ्य सामने आ सकेंगे।

पैन कार्ड की डिटेल एक जैसी

बीएसए लखनऊ दिनेश कुमार ने बताया कि शिवरी प्राथमिक विद्यालय में तैनात रेनूबाला और देवरिया के पूर्व माध्यमिक विद्यालय की रेनूबाला के पैन कार्ड एक जैसे हैं। दोनों की जन्मतिथि छह फरवरी 1972 है। विभाग में ज्वॉइनिंग की तिथि 26 नवंबर 1994 है। दोनों में एक ही नाम लिखा है। पैन कार्ड का नंबर आदि सब एक है।

एसटीएफ ने पैनकार्ड बदलने वाले शिक्षकों का मांगा ब्योरा

बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों में नौकरी कर रहे फर्जी शिक्षकों पर और शिकंजा कसने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) अब नौकरी में आने के बाद अपने पैनकार्ड बदलवाने वाले शिक्षकों का ब्योरा भी जुटा रही है। दरअसल, फर्जी शिक्षकों की भर्ती में शैक्षणिक दस्तावेजों के अलावा पैनकार्ड के दुरुपयोग का मामला भी सामने आया था। एक ही पैनकार्ड का इस्तेमाल दो से तीन शिक्षकों द्वारा किया जा रहा था। आयकर विभाग ने पूर्व में कुछ शिक्षकों को नोटिस जारी कर उनकी कमाई व भरे गए रिटर्न के बारे में पूछा था, जिसके बाद यह मामला एसटीएफ अधिकारियों के संज्ञान में आया था। शासन ने अब पैनकार्ड के जरिए किए गए खेल की जांच भी एसटीएफ को सौंप दी है। आइजी एसटीएफ अमिताभ यश का कहना है कि इस प्रकरण में एसटीएफ पहले ही शासन को रिपोर्ट दे चुका है।