Wednesday, June 17, 2020

UPPSC :: चार परीक्षाओ में सीबीआई को मिली गड़बड़ी , PE दर्ज , फर्जीवाड़े करने वाले अधिकारियो पर कसेगा शिकंजा , क्लिक करे और पढ़े पूरी पोस्ट

UPPSC :: चार परीक्षाओ में सीबीआई को मिली गड़बड़ी , PE दर्ज , फर्जीवाड़े करने वाले अधिकारियो पर कसेगा शिकंजा , क्लिक करे और पढ़े पूरी पोस्ट 





उत्तर प्रदेश लोकसेवा आयोग (यूपीपीएससी) की भर्ती परीक्षाओं व रिजल्ट की जांच कर रही सीबीआइ को गड़बड़ी के पुख्ता सुबूत मिले हैं। चार परीक्षाओं में गड़बड़ी का सुबूत मिलने पर सीबीआइ ने पीई (प्राइमरी इंक्वायरी) दर्ज करके जांच तेज कर दिया है। सोमवार रात उत्तर प्रदेश न्यायिक सिविल सेवा परीक्षा 2013, आरओ-एआरओ 2013, सम्मिलित राज्य अवर अधीनस्थ सेवा सामान्य चयन 2013 व एक सीधी भर्ती में पीई दर्ज की गई है। इसमें पीई 4/20, पीई 5/20, पीई 6/20 व पीई 7/20 दर्ज हुई है। अब सीबीआइ की क्राइम ब्रांच चारों परीक्षाओं के लिए अलग-अलग जांच अधिकारी नियुक्त करके खामियों के तह तक जाएगी। इसके बाद दोषियों के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराने की कार्रवाई की जाएगी।

सीबीआइ यूपीपीएससी द्वारा वर्ष 2012 से 2017 तक कराई गई सभी परीक्षाओं व जारी किए गए रिजल्टों की जांच कर रही है। इसमें तकरीबन 550 से अधिक भर्ती परीक्षाएं व रिजल्टों की जांच होनी है। मई 2018 में अज्ञात एफआइआर दर्ज कराई गई है। इसके बाद सीबीआइ की टीम समय-समय पर यूपीपीएससी आती रही है। जांच में चार परीक्षाओं में गड़बड़ी का सुबूत मिलने की रिपोर्ट प्रयागराज स्थित कैंप कार्यालय के अधिकारियों द्वारा सीबीआइ चीफ को रिपोर्ट भेजी गई। चीफ ने आगे की कार्रवाई के लिए सीबीआइ क्राइम ब्रांच प्रथम कार्यालय को फाइल भेज दी। इसके बाद पीई दर्ज करके कार्रवाई आगे बढ़ाई जा रही है। इधर पीई दर्ज होने से यूपीपीएससी कर्मचारियों में हड़कंप मचा है।

पहले भी दर्ज हुई है पीई : सीबीआइ इसके पहले यूपीपीएससी की पीसीएस 2015 में हुई अनियमितता पर एफआइआर दर्ज करा चुकी है। जबकि अपर निजी सचिव 2010 परीक्षा में अनियमितता मिलने पर पीई दर्ज करके जांच की जा रही है। पहले यह परीक्षा सीबीआइ के जांच के दायरे में नहीं थी। लेकिन, अन्य परीक्षाओं की जांच के दौरान सीबीआइ को अपर निजी सचिव 2010 में भी अनियमितता मिली। इस पर शासन से उसे भी जांच के दायरे में रखने के लिए अनुमति मांगी। शासन की अनुमति मिलने के बाद पीई दर्ज करके जांच की जा रही है।

यह है पीई दर्ज करने की प्रक्रिया

सीबीआइ को जब कोई गड़बड़ी मिलती है तो वह पीई दर्ज करके जांच आगे बढ़ाती है। जांच अधिकारी पीई दर्ज करने की संस्तुति के लिए सारा ब्योरा सीबीआइ चीफ को भेजते हैं। अनुमति मिलने के बाद पीई दर्ज करके जांच शुरू की जाती है। इसके बाद एफआइआर दर्ज कराई जाती है।