Tuesday, June 30, 2020

प्रदेश में विश्वविद्यालयों और डिग्री कॉलेजों में नहीं होंगी परीक्षाएं, प्रोन्नत होंगे छात्र , 7026 डिग्री कॉलेज हैं सरकारी और प्राइवेट मिलाकर , क्लिक करे और पढ़े पूरी खबर

प्रदेश में विश्वविद्यालयों और डिग्री कॉलेजों में नहीं होंगी परीक्षाएं, प्रोन्नत होंगे छात्र , 7026 डिग्री कॉलेज हैं सरकारी और प्राइवेट मिलाकर , क्लिक करे और पढ़े पूरी खबर 




 प्रदेश के विश्वविद्यालयों व डिग्री कॉलेजों में स्नातक व परास्नातक की परीक्षाएं नहीं होंगी। उच्च शिक्षा विभाग द्वारा चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय, मेरठ के कुलपति प्रो. एनके तनेजा की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने परीक्षाएं न कराने की संस्तुति की है। करीब 48 लाख से अधिक विद्याíथयों को अगली कक्षा में प्रोन्नत किया जाएगा।

उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा की अध्यक्षता में सोमवार को हुई महत्वपूर्ण बैठक में कमेटी के प्रस्ताव पर सैद्धांतिक रूप से सहमति बन गई है। हालांकि औपचारिक घोषणा दो जुलाई को की जाएगी।

उच्च शिक्षा विभाग द्वारा गठित कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में स्पष्ट लिखा है कि कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बीच परीक्षाएं कराना जोखिम भरा हो सकता है। मालूम हो कि मार्च में हुए लॉकडाउन के चलते कई विश्वविद्यालयों में परीक्षाएं शुरू नहीं हो पाईं, कुछ में शुरू हुईं तो आधी परीक्षाएं हो पाईं। जुलाई में परीक्षाएं कराने के लिए परीक्षा कार्यक्रम घोषित किए गए तो विरोध शुरू हो गया। इसके बाद उच्च शिक्षा विभाग ने चार सदस्यीय कमेटी का गठन किया था। इस कमेटी की रिपोर्ट को देखते हुए अब प्रोन्नति पिछली कक्षा में मिले अंक के आधार पर दी जाए या सभी विषयों में मिले अंक में से जिस विषय में ज्यादा अंक मिले हैं उसे आधार मानकर रिजल्ट तैयार किया जाए, इन सब पर मंथन किया जा रहा है।


बीएड प्रवेश परीक्षा 29 को ही

पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा 29 जुलाई को ही होगी। इसके लिए तैयारी करने के निर्देश दिए गए।

स्कूलों में वचरुअल क्लास, विश्वविद्यालयों में ऑनलाइन दाखिले

कोरोना के चलते अभी विद्यार्थियों को स्कूल नहीं बुलाया जाएगा। प्राइमरी व माध्यमिक स्कूलों में वचरुअल क्लासेज ही चलेंगी। एक जुलाई से सरकारी प्राथमिक व पूर्व माध्यमिक स्कूलों में शिक्षकों को बुलाया जाएगा। छह जुलाई से माध्यमिक स्कूलों में शिक्षक व कर्मचारी ड्यूटी पर आएंगे। प्रवेश परीक्षा संभव नहीं होगी इसलिए विश्वविद्यालयों व कॉलेजों में मेरिट के आधार पर ऑनलाइन दाखिले होंगे। यह निर्णय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में की गई बैठक में लिया गया।

अन्य कोर्सेज में भी मिलेगी राहत

इंजीनियरिंग कॉलेजों और मैनेजमेंट सहित विभिन्न कोर्सेज में पढ़ रहे करीब सवा दो लाख विद्याíथयों को भी बड़ी राहत मिलेगी। इसके लिए प्रस्ताव भेजा जा चुका है।