Sunday, July 14, 2019

शिक्षकों के एक हजार पदों पर फंसी भर्तियां , असिस्टेंट प्रोफेसर के रिक्त पदों का अधियाचन निदेशालय में अटका , क्लिक करे और पढ़े पूरी पोस्ट

शिक्षकों के एक हजार पदों पर फंसी भर्तियां  , असिस्टेंट प्रोफेसर के रिक्त पदों का अधियाचन निदेशालय में अटका , क्लिक करे और पढ़े पूरी पोस्ट 





प्रदेश के अशासकीय महाविद्यालयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के रिक्त पड़े तकरीबन एक हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया अटक गई है। पदों का अधिचायन उच्च शिक्षा निदेशालय में अटका हुआ है और उत्तर प्रदेश उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की ओर से भर्ती तभी शुरू की जा सकती है जब उसे पदों का अधियाचन मिल जाएगा। भर्ती में विलंब होने के पीछे कई कारण माने जा रहा है। हाल ही में मुख्यमंत्री ने उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग, माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड और अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का विलय कर एक नया आयोग बनाए जाने के प्रस्ताव पर अपनी सहमति दी है। चर्चा है कि अब इन तीनों भर्ती संस्थानों के विलय के बाद नई भर्तियां शुरू होंगी।

हालांकि संस्थानों को नई भर्तियां रोकने के लिए कोई दिशा-निर्देश नहीं दिए गए हैं लेकिन भर्ती संस्थानों के सूत्रों का कहना है कि अगर नई भर्तियां शुरू की जाती हैं और इस बीच संस्थानों के विलय की प्रक्रिया भी शुरू हो जाती है तो भर्तियां प्रभावित हो सकती हैं। ऐसे में भर्ती संस्थानों के विलय के साथ नए आयोग के गठन का इंतजार किया जा रहा है।

इसके अलावा हाल ही में अशासकीय महाविद्यालयों में मानदेय शिक्षकों का असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर विनियमितीकरण किया गया है। साथ ही इस बीच दस फीसदी गरीब सवर्ण आरक्षण व्यवस्था भी लागू हो गई है। सूत्रों का कहना है कि विनियमितीकरण के बाद रिक्त पदों पर आरक्षण को लेकर माथापच्ची चल रही है। सीटों की आरक्षण व्यवस्था निर्धारित होने के बाद ही असिस्टेंट प्रोफेसर के रिक्त पदों पर भर्ती के लिए नया विज्ञापन जारी होने की उम्मीद है।